पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने एक अहम प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला। मीडिया को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि चुनावों में हारने वाली पार्टियां अपनी असफलताओं को स्वीकार करने के बजाय दूसरों पर दोष मढ़ रही हैं। मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि जनता अब सब समझती है और झूठे आरोपों से सच नहीं बदलता।
बैलेट पेपर बयान पर जवाब
पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के बैलेट पेपर वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए सीएम मान ने कहा कि अकाली दल और कांग्रेस दोनों ही अपनी हार पहले ही मान चुके हैं और अब घबराहट में ऐसे बयान दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि चार साल तक जिन लोगों को पंजाब की याद नहीं आई, वे अब चुनाव के समय अचानक सक्रिय हो गए हैं।
काम के दम पर चुनाव लड़ने का दावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने जो काम किए हैं, उन्हीं के आधार पर चुनाव लड़े जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ नेता पंजाब को बिकाऊ सामान समझते हैं और चुनाव नजदीक आते ही मैदान में उतरते हैं। सीएम मान ने तंज कसते हुए कहा कि चार साल बाद सबको पंजाब याद आ गया है।
विपक्षी नेताओं पर तीखे कटाक्ष
सीएम मान ने सुर्खियों में रहने वाले नेताओं पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कुछ नेता हर चीज के रेट बताते फिरते हैं, जबकि कुछ लोग लंबे समय बाद पहाड़ों से उतरकर राजनीति में सक्रिय हो जाते हैं और अपनी ही पार्टियों को कोसते नजर आते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे लोग पंजाब की भलाई नहीं, बल्कि केवल अपने फायदे के बारे में सोचते हैं।
सुखजिंदर रंधावा और नवजोत सिद्धू पर टिप्पणी
मुख्यमंत्री ने सुखजिंदर सिंह रंधावा पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वह कुछ किलोमीटर के मुख्यमंत्री बनकर रह गए। वहीं नवजोत सिंह सिद्धू पर भी तीखी टिप्पणी करते हुए कहा कि जब उनके पास मंत्री पद था, तब उन्हें सुधार करने चाहिए थे। सीएम मान ने कहा कि केवल बयानबाजी से जनता का भला नहीं होता।
जनता से सही विकल्प चुनने की अपील
अपने संबोधन के अंत में मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आम लोगों से अपील की कि वे वोट डालते समय सोच-समझकर फैसला लें। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को चुनें जो जमीन पर काम करें और जनता की समस्याओं का समाधान कर सकें। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि पंजाब की जनता अब समझदार है और सही फैसले लेने में सक्षम है।